
रुड़की। महात्मा गांधी के स्वच्छ एवं स्वस्थ भारत के स्वप्न को साकार करने तथा स्वच्छता के प्रति जन-जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से महाविद्यालय में 1 से 15 सितंबर 2026 तक स्वच्छता पखवाड़े का आयोजन किया जा रहा है।
इसी क्रम में पखवाड़े के प्रथम दिवस 2 सितंबर को स्वच्छता जागरूकता कार्यक्रम आयोजित कर छात्राओं एवं उपस्थित सदस्यों को प्राचार्या डॉ अमिता श्रीवास्तव द्वारा स्वच्छता की शपथ दिलाई गई। सभी ने अपने घर, महाविद्यालय एवं आसपास के क्षेत्र को स्वच्छ रखने तथा अन्य लोगों को भी स्वच्छता के प्रति जागरूक करने का संकल्प लिया।
स्वच्छता पखवाड़े के अंतर्गत 3 सितंबर को विशेष स्वच्छता अभियान चलाया गया। अभियान के दौरान महाविद्यालय परिसर के विभिन्न स्थानों की साफ-सफाई की गई तथा छात्राओं एवं महाविद्यालय के सदस्यों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता करते हुए परिसर से कूड़ा-कचरा हटाया। इस अवसर पर छात्राओं को गीले एवं सूखे कचरे को अलग-अलग रखने, कूड़ा निर्धारित स्थान पर डालने तथा सार्वजनिक स्थलों को स्वच्छ रखने के लिए प्रेरित किया गया।
इस अवसर पर महाविद्यालय की प्राचार्य डॉ. अमिता श्रीवास्तव ने कहा कि स्वच्छता केवल किसी एक दिन या अभियान तक सीमित नहीं है, बल्कि यह एक निरंतर अपनाई जाने वाली जीवनशैली है। उन्होंने कहा कि स्वच्छता स्वस्थ एवं सभ्य समाज के निर्माण की आधारशिला है। प्रत्येक व्यक्ति को अपने दैनिक जीवन में स्वच्छता को आदत के रूप में अपनाते हुए दूसरों को भी इसके लिए प्रेरित करना चाहिए।
कार्यक्रम में महाविद्यालय की प्रबंधिका मिस जे. सिंह सहित महाविद्यालय के प्रवक्तागण, कर्मचारी एवं छात्राएँ उपस्थित रहे। सभी ने स्वच्छता को अपने दैनिक जीवन का अभिन्न हिस्सा बनाने तथा स्वच्छ परिसर, स्वच्छ समाज और स्वस्थ राष्ट्र के निर्माण में सक्रिय योगदान देने का संकल्प लिया।