
Delhi High Court ने गूगल और X (पूर्व में ट्विटर) को आदेश दिया है कि वे लोकसभा स्पीकर ओम बिरला की बेटी अंजलि बिरला के खिलाफ किए गए सोशल मीडिया पोस्ट को हटा दें। सोशल मीडिया पर यह आरोप लगाया गया था कि अंजलि बिरला ने अपने पिता की स्थिति का दुरुपयोग कर UPSC परीक्षा पहली बार में पास की। अंजलि बिरला , जो कि भारतीय रेलवे सेवा (IRPS) अधिकारी हैं और लोकसभा स्पीकर ओम बिरला की बेटी हैं, ने दिल्ली हाई कोर्ट में याचिका दायर की थी। उन्होंने सोशल मीडिया पर उनके खिलाफ किए गए पोस्टों को हटाने की मांग की। अंजलि बिरला ने दिल्ली हाई कोर्ट में तत्काल सुनवाई की याचिका दायर की थी, जिसे जस्टिस संजीव नारूला की बेंच ने आज सुना।
क्या है पूरा मामला?
वास्तव में, सोशल मीडिया पर अंजलि बिरला के खिलाफ कुछ पोस्ट डाले गए थे, जिनमें आरोप लगाया गया था कि उन्होंने अपने पिता ओम बिरला के प्रभाव के चलते UPSC परीक्षा पहली बार में पास की। हालांकि, अंजलि ने इन आरोपों को निराधार बताया। उन्होंने एक बयान में कहा, “कुछ सोशल मीडिया अकाउंट्स साजिश के तहत चलाए जा रहे हैं और झूठे आरोप लगाकर उनके पिता की छवि को धूमिल करने की कोशिश की जा रही है।”
अंजलि बिरला ने X, गूगल और जॉन डो (अज्ञात लोग) को याचिका में पक्षकार बनाया है। उन्होंने आरोप लगाया कि सोशल मीडिया पर किए जा रहे दावे मानहानिकारक और झूठे हैं, इसलिए इन्हें हटाना चाहिए।
अंजलि बिरला एक IRPS अधिकारी हैं
जानकारी के लिए बता दें कि लोकसभा स्पीकर ओम बिरला की बेटी अंजलि ने 2019 में UPSC परीक्षा दी थी। उन्होंने पिछले साल 2023 में अपनी ट्रेनिंग पूरी की है। वे भारतीय रेलवे सेवा (IRPS) अधिकारी हैं। हालांकि, सोशल मीडिया पर दावा किया गया था कि अंजलि IAS अधिकारी हैं।