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निर्माण कार्यों में किसी भी स्तर पर गुणवत्ता से समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा- जिलाधिकारी

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दैवीय आपदा से क्षतिग्रस्त परिसंपत्तियों के पुनर्निर्माण में तेजी लाएं, गुणवत्ता से न हो समझौता- डीएम

मानकों पर सही पाए गए प्रस्तावों के लिए तत्काल धनराशि जारी करने के निर्देश

गलत आकलनों पर फटकार, सही प्रस्ताव उपलब्ध कराने की सख्त हिदायत

देहरादून। जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान ने आपदा से क्षतिग्रस्त विभिन्न विभागीय परिसंपत्तियों के पुनर्निर्माण कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने स्पष्ट किया है कि निर्माण कार्यों में किसी भी स्तर पर गुणवत्ता से समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। कलेक्ट्रेट स्थित ऋषिपर्णा सभागार में आयोजित समीक्षा बैठक में जिलाधिकारी ने ब्लॉक, तहसील व विभागीय स्तर से प्राप्त पुनर्निर्माण प्रस्तावों की समीक्षा करते हुए यह निर्देश दिए।

जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि आपदा में क्षतिग्रस्त हुई संपत्तियों के प्रस्तावों की प्राथमिकता तय की जाए। उन्होंने स्टेट डिजास्टर रिस्पांस फंड (एसडीआरएफ) के मानकों के अनुरूप पाए गए आगणनों (एस्टिमेट) के लिए तुरंत बजट जारी करने और पुनर्निर्माण कार्य जल्द शुरू कराने के आदेश दिए।

बैठक के दौरान कुछ विभागीय प्रस्तावों में कमियां मिलने और एसडीआरएफ मानकों के अनुकूल न होने पर जिलाधिकारी ने नाराजगी जताई। उन्होंने संबंधित खंड विकास अधिकारियों (बीडीओ) को निर्देशित किया कि वे अपने स्तर पर आगणनों की पुनः जांच करें और संशोधित प्रस्ताव जल्द से जल्द प्रस्तुत करें ताकि धनराशि जारी की जा सके। इसके साथ ही जिलाधिकारी ने सख्त हिदायत दी कि संबंधित विभाग के अधिकारी इस आशय का प्रमाणपत्र भी संलग्न करेंगे कि प्रस्तुत किए गए सभी आंकड़े पूरी तरह मानकों के अनुरूप हैं।

समीक्षा बैठक में अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) के.के. मिश्रा, अपर जिलाधिकारी (प्रशासन) स्मृता परमार, उपजिलाधिकारी (एसडीएम) कुमकुम जोशी, एसडीएम अपर्णा ढौंडियाल, एसडीएम रविंद्र ज्वांठा सहित लोक निर्माण विभाग, सिंचाई, लघु सिंचाई, पेयजल, विद्युत विभाग और अन्य कार्यदायी संस्थाओं के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।

Manoj kumar

Editor-in-chief

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